सरकारी आवास में इंजीनियर डे की शराब पार्टी उजागर, आप ने दिया सीईओ को अल्टीमेटम…
रिश्वतखोरी प्रकरण के बाद अब शराब पार्टी से फिर सवालों के घेरे में जिला परिषद
इंजीनियर डे के मौके पर 15 सितंबर की रात चंद्रपुर जिला परिषद के आधा दर्जन से अधिक अभियंता वसंत भवन (जटपुरा गेट स्थित जिप सदस्यों का निवास) के रूम नंबर 107 में शराब पार्टी मनाते रंगे हाथ पकड़े गए। सूचना मिलते ही आम आदमी पार्टी (आप) के जिलाध्यक्ष मयूर राईकवार और अन्य पदाधिकारी मौके पर पहुंचे और पूरी घटना को मीडिया के सामने उजागर किया।
आप पदाधिकारियों के पहुंचते ही पार्टी का माहौल बिगड़ गया और अभियंता इधर-उधर भागते नजर आए। मयूर राईकवार ने बताया कि यह पूरा मामला सरकारी इमारत में घटित हुआ है, जो गंभीर अनियमितता है। उन्होंने जिला परिषद के सीईओ को फोन पर शिकायत की और मौके पर कार्रवाई की मांग की। हालांकि सीईओ के मौके पर न आने और केवल व्हाट्सएप पर डिटेल्स मांगने से आप पदाधिकारी नाराज हो गए। राईकवार ने चेतावनी दी कि यदि इस तरह की घटनाओं पर कठोर कार्रवाई नहीं की गई तो आम आदमी पार्टी बड़े आंदोलन का रास्ता अपनाएगी।
आप की मांग और जिला परिषद की किरकिरी
आप ने इस प्रकरण में शामिल सभी अभियंताओं को तत्काल निलंबित करने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि यह केवल अनुशासनहीनता का मामला नहीं बल्कि सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग और प्रशासनिक नैतिकता पर सवाल है।
गौरतलब है कि कुछ ही दिन पहले आप ने जिला परिषद के निर्माणकार्य विभाग के एक कार्यकारी अभियंता का रिश्वत लेते हुए वीडियो सार्वजनिक किया था, जिसके बाद अभियंता को निलंबित किया गया था। इस घटना से जिला परिषद पहले ही विवादों में थी, और अब कनिष्ठ अभियंताओं की शराब पार्टी ने जिप की साख को और धक्का दिया है।
राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हलचल
इस घटनाक्रम ने चंद्रपुर के राजनीतिक व प्रशासनिक हलकों में खलबली मचा दी है। जहां विपक्षी दल इसे जिला परिषद के प्रशासनिक पतन का उदाहरण बता रहे हैं, वहीं जिप प्रशासन पर कार्रवाई को लेकर दबाव बढ़ गया है। इस प्रकरण ने एक बार फिर सवाल खड़ा किया है कि सरकारी इमारतों में इस तरह की पार्टियां कैसे हो रही हैं और जिम्मेदार अधिकारी क्यों चुप्पी साधे बैठे हैं।
